
21g no Akari
21gのあかり
डॉक्टर डंकन मैकडगल ने प्रस्ताव रखा था कि मानव आत्मा का वजन 21 ग्राम होता है। एक समय में इसे आधारहीन कल्पना समझा जाता था, लेकिन कई वर्षों बाद इस सिद्धांत की पुष्टि हो गई है। विज्ञान और प्रौद्योगिकी में हुए विकास ने यह दिखाया है कि मृत्यु के बाद शरीर से एक अज्ञात गैस की छोटी मात्रा निकलती है। इस गैस को ऊर्जा का एक स्थिर रूप पाया गया है, जिसे एकत्र करके बिजली उत्पन्न की जा सकती है, जिससे मानव जीवन में महत्वपूर्ण बदलाव आए हैं।